‘फोनी’ की भयावहता से सहमी जिन्दगानी, सरकार सतर्क, उड़ाने रद्द, हाई अलर्ट पर हैं सभी एजेंसियां

नई दिल्ली/ बंगाल की खाड़ी में बने फोनी चक्रवात को लेकर ओडिशा में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। खबर के मुताबिक, फोनी ने रफ्तार पकड़ ली है और 16 kmph की रफ्तार से ओडिशा तट की ओर बढ़ रहा है। पूर्वानुमान के मुताबिक, यह शुक्रवार को दोपहर से काफी पहले पुरी के शहर गोपालपुर में दस्तक दे सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक फोनी तूफान की अधिकतम रफ्तार 175 से 185 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास होगी जो 205 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। इसके अलावा मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि पूर्वी उत्तर प्रदेश में 50-60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवा चल सकती है, वहीं बिहार में 40 से 50 और उत्तराखंड, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, तमिलनाडु और पुडुचेरी में हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा हो सकती है। इसके साथ ही इन राज्यों में आंधी और बिजली के साथ बारिश की भी संभावना जताई गई है। अगले दो—तीन दिनों तक उत्तर प्रदेश और बिहार में ऐसी ही स्थिति बनी रहने की संभावना जताई गई है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चक्रवात फोनी की स्थिति को लेकर बुलाई गई उच्च स्तरीय बैठक में तैयारियों की समीक्षा की। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार प्रधानमंत्री को चक्रवात के संभावित मार्ग की जानकारी दी गयी। साथ ही फोनी को लेकर एहतियात के तौर पर और स्थिति से निटपने की तैयारी के तौर पर उठाये गये कदमों की जानकारी दी गयी। इनमें पर्याप्त साधनों की व्यवस्था, एनडीआरएफ और सशस्त्र बलों की टीमों की तैनाती, पेयजल की आपूर्ति का इंतजाम, बिजली और दूरसंचार सेवाओं के अस्त—व्यस्त हो जाने पर उन्हें बहाल करने के लिए की गयी तैयारी आदि शामिल हैं।
उभरती स्थिति की समीक्षा के बाद प्रधानमंत्री ने वरिष्ठ अधिकारियों को प्रभावित राज्यों के अधिकारियों के साथ तालमेल बनाये रखने का निर्देश दिया ताकि एहतियाती कदम तथा जरूरत के हिसाब से राहत एवं बचाव के लिए प्रभावी कदम उठाये जा सकें। इस उच्च स्तरीय बैठक में कैबिनेट सचिव, प्रधानमंत्री के प्रधानसचिव, प्रधानमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव, गृह सचिव, भारतीय मौसम विभाग, एनडीआरएफ, एनडीएमए और प्रधानमंत्री कार्यालय के अन्य अधिकारी शामिल हुए।

 

आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि नौसेना, भारतीय वायुसेना और तटरक्षक बल को किसी भी चुनौती से निपटने के लिये हाईअलर्ट पर रखा गया है। राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ) और दमकल सेवाओं को असैन्य प्रशासन की सहायता के लिये संवेदनशील इलाकों में तैनात किया गया है। गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘भारतीय तटरक्षक बल और भारतीय नौसेना ने राहत एवं बचाव अभियानों के लिए जहाजों तथा हेलीकॉप्टरों को तैनात किया है। आंध्र प्रदेश, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भारतीय सेना और भारतीय वायु सेना की टुकड़ियों को भी तैयार रखा गया है।’ एनडीआरएफ आंध्र प्रदेश में 41 टीमों, ओडिशा में 28 और पश्चिम बंगाल में पांच टीमों को तैनात कर चुका है। ओडिशा राज्य के मुख्य सचिव एपी पधी ने कहा कि सभी चिकित्सकों और स्वास्थ्य सेवा कर्मियों की छुट्टियां 15 मई तक रद्द कर दी गई हैं। राज्य के पुलिस प्रमुख आर पी शर्मा ने बताया कि पुलिसकर्मियों की भी छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं और जो पुलिसकर्मी छुट्टी पर हैं उन्हें तत्काल ड्यूटी पर लौटने को कहा गया है।

 

गृह मंत्रालय के अनुमान के मुताबिक, चक्रवाती तूफान फोनी की वजह से ओडिशा के 10 हजार गांव, 9 जिलों और 52 कस्बों के प्रभावित होने की आशंका है। इसे देखते हुए तकरीबन साढ़े 11 लाख लोगों को सुरक्षित ठिकानों पर पहुंचा दिया गया है। इसके मद्देनजर गुरुवार आधी रात के बाद से भुवनेश्वर एयरपोर्ट पर कोई फ्लाइट लैंड नहीं करेगी। साथ ही प्रभावित इलाकों के सभी कॉलेज और व्यावसायिक प्रतिष्ठान शुक्रवार को बंद रहेंगे। तूफानी चक्रवात ‘फोनी’ की वजह से ईस्ट-कोस्ट रेलवे ने 140 मेल/एक्सप्रेस और 83 पैसेंजर ट्रेनों को रद्द करने का फैसला किया है। इसके अलावा 9 ट्रेनों के रूट बदल दिए गए हैं। ईस्ट-कोस्ट रेलवे की ओर से जारी अडवाइजरी में यह निर्देश दिया गया है कि तूफान के वक्त भद्रक-भुवनेश्वर-पुरी-विशाखापत्तनम के बीच कोई ट्रेन न हो। भद्रक-विजागनगर संभाग में कोलकाता-चेन्नई रूट की सभी ट्रेनें 4 मई तक के लिए रद्द कर दी गई हैं। तूफान के मद्देनजर मछुआरों को आने वाले कुछ दिनों तक गहरे समुद्र में न जाने का निर्देश दिया गया है क्योंकि ‘फोनी’ तूफान के अगले दो—तीन दिनों के बीच ज्यादा खतरनाक होने की आशंका है।

Follow by Email
Facebook
Google+
http://samacharsansaar.com/%E0%A4%AB%E0%A5%8B%E0%A4%A8%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A4%AF%E0%A4%BE%E0%A4%B5%E0%A4%B9%E0%A4%A4%E0%A4%BE-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%B8%E0%A4%B9%E0%A4%AE%E0%A5%80-%E0%A4%9C%E0%A4%BF">
Twitter

Comments are closed.